1. Home
  2. News And Views
  3. News
  4. देश भर में आज बंद रहेंगे 9 लाख मेडिकल स्टोर्स, ऑनलाइन दवाओं की बिक्री का विरोध

देश भर में आज बंद रहेंगे 9 लाख मेडिकल स्टोर्स, ऑनलाइन दवाओं की बिक्री का विरोध

केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन ने ऑनलाइन दवाओं की बिक्री, रिटेलर के लिए मार्जिन कम किए जाने के विरोध में मेडिकल स्टोर्स के बंद रखने का ऐलान किया है।

Ankit Tyagi | May 30, 2017 | 7:28 AM
देश भर में आज बंद रहेंगे 9 लाख मेडिकल स्टोर्स, ऑनलाइन दवाओं की बिक्री का विरोध

नई दिल्ली। केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट वेलफेयर एसोसिएशन ने ऑनलाइन दवाओं की बिक्री, रिटेलर के लिए मार्जिन कम किए जाने के विरोध में मंगलवार को  मेडिकल स्टोर्स बंद रखने का ऐलान किया है। देशभर में 9 लाख से ज्यादा मेडिकल स्टोर्स मालिक अपनी दुकानों को बंद रखेंगे। हालांकि, बंद का आह्वान करने वाली संस्था ने अस्पतालों के बाहर दुकानें खुली रखने का भरोसा दिया है। एम्स, सफदरजंग, आरएमएल, एलएनजेपी जैसे हॉस्पिटल के बाहर दवा दुकानें खुली रहेंगी।

नई गाइडलाइंस के विरोध में हड़ताल 

रिटेलर ऐंड डिस्ट्रिब्यूटर्स ऐंड केमिस्ट असोसिएशन (RDCA) के प्रेजिडेंट संदीप नागिया का कहना है कि हाल ही में सरकार ने एक और नई गाइडलाइन बनाई है, जिसके तहत अब सभी रिटेलर को अपनी दवाओं की बिक्री की डिटेल ई-पोर्टल पर डालनी होगी। अभी जीएसटी कंट्रोल नहीं हुआ है, ऊपर से ई-पोर्टल सिस्टम लागू कर दिया। दो-चार गोली बेचने वाले रिटेलर हर बिक्री को अपडेट कैसे कर पाएंगे, कितनों के पास तो कंप्यूटर तक नहीं है। इसलिए हमने इसके विरोध में बंद का आह्वान किया है।दूसरी ओर, ऑल इंडिया केमिस्ट ऐंड ड्रगिस्ट असोसिएशन ने इस बंद का समर्थन नहीं किया है। यह भी पढ़े: कैंसर के मरीजों को मिली बड़ी राहत, एक साल में दवा की कीमत 86 प्रतिशत तक गिरी

क्या है मामला

रिटेलर ऐंड डिस्ट्रिब्यूटर्स ऐंड केमिस्ट असोसिएशन (RDCA) के प्रेजिडेंट संदीप नागिया ने बताया कि अभी तक ऑनलाइन दवा को लेकर कोई कानून नहीं आया है, लेकिन धड़ल्ले से इसका इस्तेमाल शुरू हो गया है। बार-बार मांग करने के बाद भी ऑनलाइन दवा बिक्री को रोकने के लिए सरकार की तरफ से कोई पहल नहीं की जा रही है। फिर रिटेलर की मार्जिन को कम कर दिया गया है। यह भी पढ़े: सरकार ने हेपेटाइटिस, हृदय रोग, संक्रमण, बुखार और दर्द के इलाज की 30 दवाओं के दाम तय किए

लगातार गिर रहे है मार्जिन्स

साल 1995 में जो ऑर्डर आया था, उसमें रिटेलर की मार्जिन 16 फीसदी थी, लेकिन साल 2013 में नैशनल इसेंशल ड्रग्स में रिटलेर की मार्जिन कम करके 14.5 फीसदी कर दी गई। बार-बार मांग करने के बावजूद हमारी मार्जिन में सुधार नहीं किया जा रहा है। दूसरी तरफ सरकार इन्फ्रास्ट्रक्चर बेहतर करने का दवाब डाल रही है। अब कहा जा रहा है कि सभी रिटेलर दवा की दुकानें एयर कंडिशन युक्त हो और दुकान का टेंपरेचर 25 डिग्री होना चाहिए। छोटे-छोटे दुकानदार इसे कैसे मेंटेन कर पाएंगे। यह भी पढ़े: ओबामा ने जारी की दुनियाभर में नशीली दवाओं को बनाने वाले देशों की लिस्ट, भारत का नाम भी शामिल

Write a comment